एम्स ऋषिकेश में चौथी व्हाइट कोट सेरेमनी सम्पन्न, एमबीबीएस 2025 बैच ने ली मेडिकल प्रोफेशन की शपथ
मुख्य अतिथि प्रो. डॉ. राजबहादुर ने कहा- रोगी की बात गंभीरता से सुना ही अच्छे डॉक्टर की पहली पहचान


ऋषिकेश, 25 नवम्बर (दिलीप शर्मा) : एम्स ऋषिकेश में मंगलवार को संस्थान की चौथी व्हाइट कोट सेरेमनी का आयोजन किया गया, जिसमें एमबीबीएस 2025 बैच के प्रथम वर्ष के छात्र-छात्रियों को व्हाइट कोट पहनाकर आधिकारिक रूप से चिकित्सा शिक्षा की परंपरागत शपथ दिलाई गई। मुख्य अतिथि एम्स ऋषिकेश के अध्यक्ष व प्रख्यात ऑर्थो सर्जन प्रो. (डॉ.) राज बहादुर ने कहा कि एक अच्छे चिकित्सक के लिए रोगी की समस्या को धैर्यपूर्वक सुनना और समझना सर्वोपरि है। उन्होंने कहा कि चिकित्सा अनुभव का प्रयोग रोगियों का कष्ट दूर करने में होना चाहिए।

समारोह में छात्र-छात्राओं को मिला चिकित्सा पेशे का संस्कार
मुख्य ऑडिटोरियम में साइंटिफिक एग्जिबिशन के साथ शुरू हुए समारोह में एमबीबीएस 2025 बैच के विद्यार्थियों को व्हाइट कोट पहनाकर चिकित्सकीय पेशे में प्रवेश की औपचारिक शुरुआत कराई गई।
इस अवसर पर संस्थान की कार्यकारी निदेशक प्रो. डॉ. मीनू सिंह ने कहा कि चिकित्सा व अनुसंधान के माध्यम से विश्व को रोगमुक्त बनाने की दिशा में एम्स तेजी से कार्य कर रहा है। आईएमएस की डीन एकेडेमिक प्रो. जया चतुर्वेदी ने विद्यार्थियों को सेवाभाव के साथ चिकित्सा क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने की प्रेरणा दी।
समारोह को पीजीआई चंडीगढ़ के पूर्व निदेशक प्रो. योगेश चावला, सिंगापुर जनरल हॉस्पिटल के सीनियर कंसल्टेंट प्रो. प्रेमा राज जेयाज और मैक्स साकेत के चेयरमैन प्रो. सुभाष गुप्ता ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम का संचालन डॉ. वंदना धींगरा ने किया।
पहला प्रो. समीरन नंदी ओरेशन आयोजित
मेडिकल विद्यार्थियों के ज्ञानवर्धन हेतु पहली प्रो. समीरन नंदी ओरेशन का आयोजन किया गया। ‘भारत में 5 हजार ट्रांसप्लांट के जरिए मेरी यात्रा’ विषय पर यह ओरेशन मैक्स सुपरस्पेशिलिटी अस्पताल, साकेत के चेयरमैन प्रो. सुभाष गुप्ता ने प्रस्तुत किया।
डॉ. नंदी भारतीय गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल सर्जरी, चिकित्सा शिक्षा व लेखन के अग्रणी नाम रहे हैं और एम्स ऋषिकेश के अध्यक्ष भी रह चुके हैं।
स्टूडेंट अल्मनैक, क्लाइमेट न्यूज लेटर और जेएमई–बीएमजे कैलेंडर जारी
समारोह में स्टूडेंट अल्मनैक, क्लाइमेट न्यूज लेटर और जर्नल ऑफ मेडिकल एजुकेशन–बीएमजे कैलेंडर रिलीज किए गए। न्यूज लेटर में कैंपस लाइफ, एकेडमिक अचीवमेंट्स और संस्थान में चल रहे सस्टेनेबिलिटी प्रयासों को शामिल किया गया है।









