श्री पूर्णानंद इंटर कॉलेज, मुनि की रेती में धूमधाम से मनाया गया उत्तराखंड राज्य स्थापना दिवस
एनएसएस स्वयंसेवियों ने प्रभात फेरी निकाल कर किया जनजागरण, सांस्कृतिक कार्यक्रमों से गूंजा विद्यालय प्रांगण


मुनि की रेती/टिहरी (दिलीप शर्मा) : श्री पूर्णानंद इंटर कॉलेज मुनि की रेती में उत्तराखंड राज्य स्थापना दिवस की रजत जयंती बड़े उत्साह एवं हर्षोल्लास के साथ मनाई गई। कार्यक्रम का शुभारंभ एनएसएस इकाई के छात्र-छात्राओं द्वारा नगर पालिका क्षेत्र में निकाली गई प्रभात फेरी से हुआ। प्रभात फेरी के दौरान “सबसे प्यारा सबसे सुंदर उत्तराखंड राज्य हमारा”, “कोदा झंगोरा खाएंगे, उत्तराखंड को संवारेंगे”, “हम सब नहीं उठाना है, उत्तराखंड को नशा मुक्त बनाना है” जैसे नारों से पूरा क्षेत्र गूंज उठा। स्वयंसेवियों ने जनजागरण कर सामाजिक चेतना का संदेश दिया।
इसके उपरांत विद्यालय प्रांगण में एकत्र होकर स्वयंसेवियों एवं अध्यापकों ने उत्तराखंड राज्य आंदोलन के शहीदों को नमन किया और श्रद्धा सुमन अर्पित किए।

सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने बांधा समां
सांस्कृतिक कार्यक्रम के दौरान स्वयंसेवियों ने “उत्तराखंड मेरी मातृभूमि तेरी जय जयकार”, “पंच बद्री पंच केदार पंच प्रयाग भी यकि छन” जैसे गीतों की मनमोहक प्रस्तुतियां दीं। साथ ही गढ़वाली और कुमाऊनी लोक नृत्यों ने कार्यक्रम को जीवंत बना दिया।
विचार गोष्ठी में रखे गए सारगर्भित विचार
कार्यक्रम के दौरान “25 वर्षीय युवा उत्तराखंड: क्या पाया, क्या खोया” विषय पर विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। इसमें स्वयंसेवी कुमारी पिंकी शुक्ला, प्रशांत पांचाल और अथर्व तोमर ने अपने विचार रखे।
कार्यक्रम अधिकारी चंद्र मोहन सिंह रौथान ने अपने संबोधन में पृथक राज्य आंदोलन के इतिहास पर प्रकाश डालते हुए कहा कि “उत्तराखंड राज्य की परिकल्पना 1938 में श्रीनगर में आयोजित कांग्रेस अधिवेशन से प्रारंभ हुई थी, जिसमें विजयलक्ष्मी पंडित की अध्यक्षता में पं. जवाहरलाल नेहरू और श्रीदेव सुमन जैसे महान व्यक्तित्व शामिल हुए थे।”
डॉ. विवेकानंद शर्मा ने खटीमा, मसूरी और रामपुर तिराहा कांड के शहीद आंदोलनकारियों को नमन किया। वहीं वीरेंद्र सिंह डोटियाल ने आंदोलन में महिलाओं की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए श्रीमती बेलमती चौहान और श्रीमती हंस धनाई के बलिदान को याद किया।
एनएसएस स्वयंसेवियों को प्रमाण पत्र वितरण
कार्यक्रम के समापन पर प्रधानाचार्य अजीतपाल सिंह रौथान ने एनएसएस बी एवं सी परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले स्वयंसेवियों को प्रमाण पत्र वितरित किए। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि “यदि हम सब अपने-अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से पालन करें, तो उत्तराखंड निश्चित ही एक विकसित राज्य की श्रेणी में शामिल होगा।”
इस अवसर पर उत्तम नेगी, राजूलाल, जयबीर नेगी, पुष्पा शर्मा, प्रतिभा पंवार, पूजा नौटियाल, अंबिका नाथ, धीरेंद्र असवाल, विशाल कुमार सहित पूरा विद्यालय परिवार उपस्थित रहा।









