एम्स ऋषिकेश में WAAW-2025: एंटीबायोटिक के विवेकपूर्ण उपयोग पर विविध जनजागरूकता कार्यक्रम

ऋषिकेश (दिलीप शर्मा) : एम्स, ऋषिकेश में विश्व एंटीमाइक्रोबियल प्रतिरोध सप्ताह (WAAW-2025) के तहत शुक्रवार को विभिन्न जागरूकता गतिविधियों का आयोजन किया गया। विशेषज्ञों ने कहा कि एंटीबायोटिक्स का विवेकपूर्ण उपयोग न होने पर जीवनरक्षक दवाएं ही नुकसानदायक बन सकती हैं।
निदेशक प्रो. मीनू सिंह के मार्गदर्शन में आयोजित इस सप्ताह में स्वास्थ्यकर्मियों, छात्रों और समुदाय को AMR के बढ़ते खतरे से अवगत कराया जा रहा है। आयोजन सचिव डॉ. प्रसन के. पांडा ने बताया कि सप्ताहभर की गतिविधियों में सभी श्रेणी के स्वास्थ्यकर्मियों की सक्रिय भागीदारी उत्साहजनक है।
ओपीडी में रोल प्ले से संदेश
मेडिसिन ओपीडी में बीएससी पैरामेडिकल छात्रों ने DNS अरुण के निर्देशन में रोल प्ले के जरिए मरीजों और तीमारदारों को AMR के खतरे और एंटीबायोटिक के सही उपयोग की जानकारी दी। चिकित्सा अधीक्षक प्रो. सत्याश्री बलीजा ने इसे जन-जागरूकता की दिशा में महत्वपूर्ण प्रयास बताया।
स्कूलों में नाट्य प्रस्तुति से जागरूकता
रायवाला स्थित सत्येश्वरी देवी मेमोरियल पब्लिक स्कूल में नर्सिंग छात्रों ने एंटीबायोटिक दुरुपयोग, हाथ स्वच्छता और टीकाकरण पर आधारित नाट्य प्रस्तुति दी। स्कूल प्रबंधन ने कार्यक्रम को बच्चों के स्वास्थ्य शिक्षण के लिए सार्थक बताया।
क्विज़ व पोस्टर प्रतियोगिता
फार्माकोलॉजी व नर्सिंग विभाग द्वारा आयोजित क्विज़ और पोस्टर प्रतियोगिता में छात्रों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। विजेताओं को 24 नवंबर को सम्मानित किया जाएगा।
15 क्षेत्रों में मूल्यांकन एवं प्रशिक्षण सत्र
AMR स्टेवार्डशिप को मजबूत करने के उद्देश्य से 15 स्थानों पर सही दवा, सही डोज़, सही अवधि, हैंड हाइजीन और संक्रमण नियंत्रण पर आधारित आइस-ब्रेकिंग व मूल्यांकन सत्र हुए। इन सत्रों का मार्गदर्शन डॉ. वन्या सिंह व DNS उमेश ने किया।
विभागों में व्यावहारिक सुधार की दिशा में ये सत्र उपयोगी साबित हुए। कार्यक्रम में मेडिकल सुपरिटेंडेंट प्रो. बलीजा, डॉ. प्रसन पांडा सहित कई विशेषज्ञ उपस्थित रहे।









