कलेक्ट्रेट की व्यवस्थाओं पर डीएम का सख्त रुख, स्वच्छता और अभिलेख प्रबंधन सुधारने के दिए निर्देश
निरीक्षण के दौरान विभिन्न अनुभागों का लिया जायजा, जर्जर कारपेट बदलने, फर्नीचर उपलब्ध कराने और अग्निशमन उपकरणों की समय पर रिफिलिंग के निर्देश

नई टिहरी, 29 जुलाई(दिलीप शर्मा): टिहरी गढ़वाल की जिलाधिकारी नितिका खण्डेलवाल ने बुधवार को कलेक्ट्रेट परिसर के विभिन्न अनुभागों और कार्यालय कक्षों का औचक निरीक्षण कर कार्यालयी व्यवस्थाओं, स्वच्छता और अभिलेखों के रख-रखाव की समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों को कार्यालयों में अनुशासन, साफ-सफाई तथा रिकॉर्ड प्रबंधन को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने नजारत कक्ष, सीआरए सेक्शन, न्याय अनुभाग, प्रशासनिक अनुभाग, कलेक्ट्रेट कैंटीन सहित विभिन्न अनुभागों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने अभिलेखों के रख-रखाव, कार्यालयों की कार्यप्रणाली और स्वच्छता व्यवस्था का बारीकी से अवलोकन करते हुए आवश्यक सुधारात्मक निर्देश जारी किए।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने हेड नाजिर अजय पाल नेगी को कार्यालयों में बिछे कटे-फटे एवं जर्जर कारपेट तत्काल बदलने के निर्देश दिए। साथ ही सभी अनुभागों में नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित करने पर जोर देते हुए कहा कि स्वच्छ और व्यवस्थित कार्यालय वातावरण कार्यकुशलता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
उन्होंने कार्यालय संचालन के लिए आवश्यक फर्नीचर, अभिलेखों के सुरक्षित संरक्षण हेतु आलमारियां तथा अन्य जरूरी सामग्री की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए शीघ्र मांग पत्र तैयार कर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने कहा कि पर्याप्त संसाधनों की उपलब्धता से कार्यालयी कार्य अधिक व्यवस्थित और प्रभावी ढंग से संपादित किए जा सकते हैं।
इस दौरान उन्होंने कार्यालय में स्थापित अग्निशमन उपकरणों की भी समीक्षा करते हुए समय-समय पर उनकी रिफिलिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि किसी भी आपात स्थिति में सुरक्षा व्यवस्था प्रभावी बनी रहे।
जिलाधिकारी ने बिल पंजिकाओं का भी निरीक्षण किया। जांच के दौरान सभी प्रकार के आहरण एवं वितरण से संबंधित अभिलेख सही पाए गए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी अभिलेखों का सुव्यवस्थित रख-रखाव किया जाए तथा कार्यालयीन रिकॉर्ड के संरक्षण में किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए।
निरीक्षण के बाद जिलाधिकारी नितिका खण्डेलवाल ने कहा कि कार्यालयों में स्वच्छता, सुव्यवस्थित अभिलेख प्रबंधन और आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता से न केवल कार्यकुशलता बढ़ती है, बल्कि आमजन को भी बेहतर, पारदर्शी और समयबद्ध सेवाएं उपलब्ध कराई जा सकती हैं। उन्होंने सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को अपने-अपने अनुभागों में अनुशासन, स्वच्छता और रिकॉर्ड प्रबंधन को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान अपर जिलाधिकारी शैलेंद्र सिंह नेगी, परियोजना अधिकारी चन्दन शाह, मुख्य प्रशासनिक अधिकारी गोदम्बरी डबराल, डी.एस. पुण्डीर सहित संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।










