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टिहरी झील में रोमांचक जल क्रीड़ा को बढ़ावा, IISM गुलमर्ग ने शुरू किए वाटर स्कीइंग कोर्स

देशभर से पहुंचे प्रतिभागी, बेसिक, इंटरमीडिएट और एडवांस स्तर पर दिया जा रहा प्रशिक्षण — उत्तराखंड में पर्यटन को नई ऊंचाई देने की पहल

टिहरी गढ़वाल, 08 सितंबर(दिलीप शर्मा): टिहरी झील अब जल क्रीड़ा गतिविधियों के साथ-साथ वाटर स्कीइंग प्रशिक्षण का भी प्रमुख केंद्र बनती जा रही है। पर्यटन मंत्रालय, भारत सरकार के संस्थान भारतीय स्कीइंग एवं पर्वतारोहण संस्थान (IISM), गुलमर्ग, जम्मू-कश्मीर की ओर से टिहरी झील में वाटर स्कीइंग के प्रशिक्षण कोर्स आयोजित किए जा रहे हैं।

संस्थान द्वारा पिछले वर्ष की तर्ज पर इस वर्ष भी टिहरी झील में बेसिक, इंटरमीडिएट और एडवांस स्तर के तीन वाटर स्कीइंग कोर्स संचालित किए जा रहे हैं। इन प्रशिक्षण कार्यक्रमों में देश के विभिन्न राज्यों से प्रतिभागी पहुंच रहे हैं। इस वर्ष कुल 28 प्रतिभागियों ने नामांकन कराया था, जिनमें से 24 प्रतिभागियों ने संस्थान में रिपोर्ट कर प्रशिक्षण में भाग लिया है।

टिहरी झील में रोमांचक जल क्रीड़ा को बढ़ावा, IISM गुलमर्ग ने शुरू किए वाटर स्कीइंग कोर्स

टिहरी झील में रोमांचक जल क्रीड़ा को बढ़ावा, IISM गुलमर्ग ने शुरू किए वाटर स्कीइंग कोर्स

वाटर स्पोर्ट्स के लिए मुफीद है टिहरी झील

IISM के अधिकारियों के अनुसार टिहरी झील का स्वच्छ एवं शांत जल क्षेत्र वाटर स्पोर्ट्स और विशेष रूप से वाटर स्कीइंग के लिए बेहद अनुकूल है। झील का साफ पानी और प्राकृतिक भौगोलिक परिस्थितियां इसे जल क्रीड़ा गतिविधियों के लिए उपयुक्त स्थान बनाती हैं। टिहरी झील की इन विशेषताओं को देखते हुए पर्यटन मंत्रालय ने इस वर्ष भी यहां तीन वाटर स्कीइंग कोर्स संचालित करने का निर्णय लिया है।

उत्तराखंड में पर्यटन को बढ़ावा देना संस्थान का विजन

भारतीय स्कीइंग एवं पर्वतारोहण संस्थान, गुलमर्ग के प्रधानाचार्य कर्नल ईश्वर सिंह थापा, सेना मेडल एवं विशिष्ट सेवा मेडल ने बताया कि संस्थान का उद्देश्य उत्तराखंड में साहसिक पर्यटन एवं जल क्रीड़ा गतिविधियों को बढ़ावा देना है। इसी विजन के तहत इस वर्ष उत्तराखंड में टिहरी झील में तीन वाटर स्कीइंग तथा ऋषिकेश में दो रिवर राफ्टिंग कोर्स संचालित करने की स्वीकृति दी गई है।

उन्होंने कहा कि इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रमों से उत्तराखंड में साहसिक पर्यटन को प्रोत्साहन मिलने के साथ ही स्थानीय स्तर पर युवाओं के लिए प्रशिक्षण एवं रोजगार के नए अवसर भी विकसित हो सकते हैं।

देश के विभिन्न राज्यों से प्रतिभागियों की भागीदारी

वाटर स्कीइंग कोर्स में देश के अलग-अलग राज्यों से प्रतिभागी हिस्सा ले रहे हैं। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को उनके स्तर के अनुरूप वाटर स्कीइंग की तकनीक, सुरक्षा उपायों और व्यावहारिक प्रशिक्षण से रूबरू कराया जा रहा है। इससे टिहरी झील की पहचान एक प्रमुख वाटर स्पोर्ट्स एवं एडवेंचर टूरिज्म डेस्टिनेशन के रूप में और मजबूत होने की उम्मीद है।

इस अवसर पर IISM गुलमर्ग की असिस्टेंट डायरेक्टर रेनू बामरारा, कोर्स इंचार्ज प्रवीण सिंह, इंस्ट्रक्टर अरविंद, खलील, शबीर सहित स्टूडेंट्स इश्वीन, अमलेश, कुश, निकिता, अस्मित मित्तल, नेहा जोशी, गौरी, वर्षा अग्रवाल और अनुराग पांडे आदि उपस्थित रहे।

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