विश्व सनातन महापीठ का भूमि पूजन सम्पन्न, संतों का महाकुंभ बना साक्षी
500 करोड़ की लागत से बनेगा आध्यात्मिक नेतृत्व का वैश्विक केन्द्र, स्वामी चिदानन्द सरस्वती ने दिया आशीर्वाद

ऋषिकेश/हरिद्वार (दिलीप शर्मा) : हरिद्वार में तीर्थ सेवा न्यास द्वारा प्रस्तावित विश्व सनातन महापीठ के भूमि पूजन समारोह का आयोजन दिव्य आध्यात्मिक वातावरण में सम्पन्न हुआ। इस अवसर पर परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष स्वामी चिदानन्द सरस्वती सहित देशभर से अनेक संत, महापुरुष, आचार्य और विशिष्ट विभूतियाँ उपस्थित रहीं।
महापीठ का ध्येय— “एक विश्व, एक धर्म, एक ध्वज, एक ग्रन्थ, एक विधान” —वैश्विक आध्यात्मिक एकता के दर्शन को प्रतिष्ठित करने वाला बताया गया।

प्रकल्प के संस्थापक एवं संरक्षक बाबा हठयोगी जी महाराज ने जानकारी दी कि लगभग 500 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाला यह विशाल महापीठ वैदिक शिक्षा, शस्त्र-शास्त्र प्रशिक्षण, संत-संसद भवन, योग-आयुर्वेद केन्द्र और सनातन संस्कृति के विश्व मॉडल के रूप में विकसित किया जाएगा।

स्वामी चिदानन्द सरस्वती ने कहा कि यह महापीठ आने वाले समय में भारत की आध्यात्मिक राजधानी और वैश्विक नेतृत्व का केन्द्रीय मंच बनेगा। भूमि पूजन वैदिक मंत्रों, अनुष्ठानों और संतों की उपस्थिति में सम्पन्न हुआ।
समारोह में अखाड़ा परिषद अध्यक्ष महंत रविन्द्र पुरी, जगद्गुरु ब्रह्मर्षि कुमारस्वामी, पायलट बाबा आश्रम के संतों सहित अनेक धार्मिक व सामाजिक प्रतिनिधि शामिल हुए। आयोजकों में डॉ. गौतम खट्टर, उपाध्याय ए. के. सोलंकी, शिशिर चौधरी, राजेश कुमार और कोषाध्यक्ष अमरीश त्यागी प्रमुख रूप से उल्लेखनीय रहे।










