



ऋषिकेश (दिलीप शर्मा): 72 सीढ़ी आस्था पथ स्थित गंगेश्वर घाट मां गंगा आरती समिति की ओर से आयोजित छठे गणेश महोत्सव के दूसरे दिन आशीर्वाद वाटिका में धार्मिक एवं सांस्कृतिक संध्या का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम में दिल्ली से पहुंचे टी-सीरीज फ्रेम के सुप्रसिद्ध कलाकार नितिन चक्रधारी एवं उनकी टीम ने ‘रुद्र राग’ और ‘महाकाल की लीला’ की भावपूर्ण प्रस्तुति देकर श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक भाव से सराबोर कर दिया।
शिव-शक्ति के स्वरूप ने बांधा समां
कार्यक्रम के दौरान नितिन चक्रधारी ने भगवान शिव, जबकि सोनिया ने शक्ति के स्वरूप की भूमिका निभाई। दोनों कलाकारों की प्रभावशाली मंचीय प्रस्तुति, अभिनय और भाव-भंगिमाओं ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। ‘महाकाल की लीला’ के मंचन के साथ ही कार्यक्रम स्थल का वातावरण भक्तिमय हो उठा और श्रद्धालु भगवान शिव की भक्ति में भावविभोर नजर आए।

प्रस्तुति के माध्यम से भगवान शिव और शक्ति के संबंध, उनकी दिव्यता तथा आध्यात्मिक भावों को मंचीय कला के जरिए जीवंत किया गया। कलाकारों ने धार्मिक कथाओं को मनोरंजन के साथ आध्यात्मिक अनुभूति से जोड़ते हुए शानदार प्रस्तुति दी। कलाकारों के प्रत्येक दृश्य और भाव पर श्रद्धालुओं ने तालियों की गड़गड़ाहट से उनका उत्साहवर्धन किया।

नितिन चक्रधारी और पूरी टीम का सम्मान
भव्य सांस्कृतिक प्रस्तुति के उपरांत गंगेश्वर घाट मां गंगा आरती समिति की ओर से नितिन चक्रधारी एवं उनकी पूरी टीम को सम्मानित किया गया। समिति के सदस्यों और गणमान्य अतिथियों ने कलाकारों को सम्मान प्रदान करते हुए उनकी प्रस्तुति की सराहना की।
इसके अलावा शीशम झाड़ी स्थित श्री मां कात्यायनी मंदिर में भी नितिन चक्रधारी एवं उनकी टीम का भव्य स्वागत एवं अभिनंदन किया गया। मंदिर के संस्थापक-संचालक गुरविंदर सलूजा ने कलाकारों का स्वागत करते हुए उनकी प्रस्तुति की सराहना की।

कला के माध्यम से संस्कृति को नई पीढ़ी तक पहुंचाने पर जोर
गुरविंदर सलूजा ने कहा कि धार्मिक आयोजनों का उद्देश्य केवल पूजा-अर्चना तक सीमित नहीं है। ऐसे आयोजनों के माध्यम से भारतीय संस्कृति, आध्यात्मिक परंपराओं और पौराणिक कथाओं को मंचीय कला के जरिए नई पीढ़ी और जन-जन तक पहुंचाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि कला और अध्यात्म का संगम लोगों को अपनी संस्कृति और परंपराओं से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
गणमान्य लोग रहे मौजूद
कार्यक्रम में गंगेश्वर घाट मां गंगा आरती समिति के पदाधिकारी एवं सदस्य, मयंक चक्रवर्ती एवं परिवार, सोनू चक्रवर्ती, न्यू स्टार क्लब के संस्थापक के.के. सचदेवा एवं परिवार, सान्या सचदेव छाबड़ा, न्यू स्टार क्लब अध्यक्ष मनोज साहल, अजय ब्रेजा एवं परिवार सहित बड़ी संख्या में गणमान्य लोग मौजूद रहे।
‘रुद्र राग’ और ‘महाकाल की लीला’ की प्रस्तुति ने श्रद्धा, संस्कृति और कला का ऐसा अद्भुत संगम प्रस्तुत किया, जिसने छठे गणेश महोत्सव की धार्मिक एवं सांस्कृतिक संध्या को यादगार बना दिया।





