
ऋषिकेश,(दिलीप शर्मा): शहर को स्वच्छ, सुंदर और प्रदूषण मुक्त बनाने की दिशा में नगर निगम ऋषिकेश ने एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए लाल पानी (कक्ष संख्या 01) स्थित नवनिर्मित ‘ठोस अपशिष्ट प्रबंधन एवं प्रोसेसिंग प्लांट’ का सफल ट्रायल संपन्न किया। यह आधुनिक प्लांट नगर के शहरी प्रबंधन में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होने जा रहा है।
इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य शहर से एकत्रित होने वाले कूड़े का वैज्ञानिक पद्धति से निस्तारण करना है, जिससे स्वच्छता व्यवस्था को मजबूती मिलेगी और पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा। ट्रायल के दौरान प्लांट के विभिन्न चरणों की गहन निगरानी की गई, ताकि इसे जल्द ही पूर्ण क्षमता के साथ संचालित किया जा सके।
नगर निगम के अनुसार, यह प्रोजेक्ट ऋषिकेश को देश के स्वच्छतम शहरों की अग्रिम श्रेणी में लाने की दिशा में अहम भूमिका निभाएगा। आने वाले दिनों में प्लांट के पूर्ण संचालन से शहर की स्वच्छता व्यवस्था को एक नई और स्थायी दिशा मिलने की उम्मीद है।
ट्रायल के मुख्य बिंदु:
- वैज्ञानिक पद्धति: प्लांट के माध्यम से कूड़े का पृथक्करण कर वैज्ञानिक तरीके से प्रसंस्करण किया जाएगा।
- तकनीकी जांच: ट्रायल के दौरान मशीनों की कार्यक्षमता और संचालन की विस्तृत तकनीकी जांच की गई।
- सामूहिक भागीदारी: कार्यक्रम में पार्षदों एवं जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति रही, जिन्होंने इस पहल की सराहना की।
इस अवसर पर नगर निगम ऋषिकेश के महापौर श्री शंभू पासवान ने कहा कि यह प्लांट शहर की स्वच्छता को नई दिशा देने वाला है। उन्होंने कहा कि कूड़े का सही निस्तारण शहर के स्वास्थ्य और पहचान दोनों के लिए अत्यंत आवश्यक है और यह पहल स्वच्छ एवं हरित ऋषिकेश के संकल्प को साकार करने में सहायक होगी।
कार्यक्रम में नगर आयुक्त गोपाल राम बिनवाल, सहायक नगर आयुक्त चंद्रकांत भट्ट, पार्षद सत्य कपरूवान, हर्षवर्धन रावत, आशु डंग, रामकुमार सांगर सहित निगम के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।










