
ऋषिकेश, 25 मई(दिलीप शर्मा): गंगा दशहरा पर्व के अवसर पर ऋषिकेश क्षेत्र के विभिन्न गंगा घाटों पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। बड़ी संख्या में श्रद्धालु गंगा स्नान एवं पूजा-अर्चना के लिए घाटों पर पहुंचे। श्रद्धालुओं की सुरक्षा को देखते हुए एसडीआरएफ फ्लड टीम द्वारा विभिन्न घाटों पर विशेष सतर्कता बरती गई और लगातार निगरानी की गई।
एसडीआरएफ टीम की ड्यूटी नीम बीच, लक्ष्मण झूला घाट, मस्तराम घाट, सीता घाट, स्वर्ग आश्रम घाट, नाव घाट राम झूला, परमार्थ निकेतन, जानकी पुल एवं त्रिवेणी घाट सहित कई प्रमुख स्थानों पर लगाई गई थी। टीम द्वारा मोटर बोट, डगी एवं राफ्ट के माध्यम से गंगा नदी में लगातार गश्त और मॉनिटरिंग की गई। साथ ही श्रद्धालुओं को गहरे पानी में न जाने तथा तेज बहाव वाले क्षेत्रों से दूर रहने के लिए समय-समय पर जागरूक किया गया।
तेज बहाव में फंसे युवक को सुरक्षित निकाला
इसी दौरान त्रिवेणी घाट पर स्नान कर रहा एक युवक अचानक गंगा के तेज बहाव की चपेट में आकर डूबने लगा। घाट पर तैनात एसडीआरएफ टीम ने तत्परता दिखाते हुए तत्काल रेस्क्यू अभियान चलाया और युवक को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
रेस्क्यू किए गए युवक की पहचान अवनीश कुमार पुत्र वीरेंद्र निवासी मोदीनगर, जिला गाजियाबाद, उत्तर प्रदेश के रूप में हुई है। बताया गया कि युवक स्नान के दौरान अचानक तेज बहाव में फंस गया था। एसडीआरएफ टीम ने सूझबूझ और त्वरित कार्रवाई करते हुए उसकी जान बचाई।
घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था रही चाक-चौबंद
एसडीआरएफ के प्रभारी निरीक्षक कविंद्र सजवाण ने अपनी टीम के साथ राफ्ट के माध्यम से विभिन्न घाटों का निरीक्षण किया और श्रद्धालुओं से घाटों के किनारों पर ही स्नान करने तथा प्रतिबंधित क्षेत्रों में न जाने की अपील की। इसके अतिरिक्त जल पुलिस एवं 40वीं वाहिनी पीएसी भी सुरक्षा एवं रेस्क्यू कार्यों में मुस्तैदी से तैनात रही।
एसडीआरएफ ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि गंगा स्नान के दौरान सुरक्षा नियमों का पालन करें, निर्धारित सीमाओं के भीतर ही स्नान करें तथा प्रशासन एवं रेस्क्यू टीमों द्वारा जारी निर्देशों का पालन अवश्य करें।
गंगा दशहरा पर्व के दौरान एसडीआरएफ टीम की सतर्कता, त्वरित कार्रवाई और समर्पित सेवा भावना की श्रद्धालुओं एवं स्थानीय लोगों ने सराहना की।










