



ऋषिकेश, 23 सितंबर(दिलीप शर्मा): उत्तराखंड संस्कृत संस्थानम्, उत्तराखंड सरकार, हरिद्वार के तत्वावधान में आयोजित ‘अष्टादश संस्कृतमहोत्सवः’ के तहत विकासखंड डोईवाला की दो दिवसीय खंडस्तरीय संस्कृत स्पर्धा का बुधवार को श्री जयराम संस्कृत महाविद्यालय, ऋषिकेश में भव्य शुभारंभ हुआ। नगर निगम ऋषिकेश के महापौर शम्भू पासवान ने दीप प्रज्वलित कर प्रतियोगिता का विधिवत उद्घाटन किया।

उद्घाटन अवसर पर महापौर शम्भू पासवान ने छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि संस्कृत महज एक भाषा नहीं, बल्कि भारत की समृद्ध ज्ञान परंपरा, संस्कृति, संस्कार और आध्यात्मिक विरासत की आधारशिला है। संस्कृत के संरक्षण और संवर्धन के लिए इस प्रकार की प्रतियोगिताएं महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
उन्होंने कहा कि संस्कृत स्पर्धाओं के माध्यम से विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर मिलने के साथ ही उनमें भारतीय संस्कृति और परंपराओं के प्रति रुचि एवं जागरूकता भी बढ़ती है। उन्होंने सभी प्रतिभागी विद्यार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

नाटक से लेकर श्लोकोच्चारण तक विद्यार्थियों ने दिखाई प्रतिभा
प्रतियोगिता के प्रथम दिन कनिष्ठ वर्ग की विभिन्न संस्कृत प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। इनमें संस्कृत नाटक, संस्कृत वाद-विवाद, संस्कृत समूहगान, संस्कृत आशुभाषण, संस्कृत समूहनृत्य और श्लोकोच्चारण प्रमुख रहे। विभिन्न विद्यालयों से पहुंचे छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग करते हुए अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
प्रतियोगिताओं के दौरान विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों ने संस्कृत भाषा के प्रति उनकी रुचि और तैयारी को सामने रखा। कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों एवं शिक्षकों ने प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया।
अतिथियों ने संस्कृत के संरक्षण और संवर्धन पर दिया जोर
कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि पूज्य गोपालाचार्य जी महाराज के साथ अशोक शर्मा, प्रदीप शर्मा, प्रधानाचार्य जनार्दन बेलवाल, पूर्व प्रधानाचार्य मायाराम, डीएसबी स्कूल के प्रधानाचार्य शिव सहगल और जयेंद्र रमोला सहित अन्य अतिथि उपस्थित रहे। अतिथियों ने विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए संस्कृत भाषा के संरक्षण, संवर्धन और प्रचार-प्रसार की आवश्यकता पर विचार रखे।
प्रतियोगिता के सफल आयोजन में खंड संयोजक डॉ. सूर्यप्रकाश रतूड़ी, प्रधानाचार्य विजय जुगलान तथा खंड शिक्षा अधिकारी एवं मार्गदर्शक शिवानी कौशल का विशेष सहयोग रहा।
24 सितंबर को वरिष्ठ वर्ग की प्रतियोगिताएं
आयोजकों के अनुसार संस्कृत स्पर्धा के दूसरे दिन 24 सितंबर को वरिष्ठ वर्ग की विभिन्न संस्कृत प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। प्रतियोगिताओं के समापन के बाद अपराह्न 3 बजे पुरस्कार वितरण एवं समापन समारोह आयोजित किया जाएगा।





