50 पार करते ही जरूरी हुआ एडल्ट वैक्सीनेशन, स्वास्थ्य को न करें नजरअंदाज
एम्स ऋषिकेश में उपलब्ध हैं जीवन रक्षक टीके, सप्ताह भर चल रही सुविधा

ऋषिकेश,13 अप्रैल(दिलीप शर्मा): बढ़ती उम्र के साथ शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर होने लगती है, ऐसे में 50 वर्ष की आयु पार कर चुके लोगों के लिए एडल्ट वैक्सीनेशन बेहद जरूरी हो गया है। विशेषज्ञों का कहना है कि समय पर लगाए गए टीके न केवल गंभीर संक्रामक बीमारियों से बचाव करते हैं, बल्कि शरीर की इम्युनिटी को भी मजबूत बनाए रखते हैं।
📊 उम्र बढ़ने के साथ बढ़ता है बीमारियों का खतरा
एम्स ऋषिकेश के सामुदायिक चिकित्सा विभाग की प्रमुख प्रो. वर्तिका सक्सैना के अनुसार, 50 वर्ष से अधिक आयु के लोगों में निमोनिया, खांसी-जुकाम और अन्य संक्रमणों का खतरा अधिक रहता है। इस आयु वर्ग में स्वास्थ्य बिगड़ने पर हर 10 में से 3 लोगों को अस्पताल में भर्ती कराने की जरूरत पड़ती है।
उन्होंने बताया कि बचपन में लगाए गए टीकों का प्रभाव लगभग 35 वर्ष की आयु तक ही रहता है, इसके बाद शरीर में उनकी प्रभावशीलता कम होने लगती है, जिससे संक्रमण का जोखिम बढ़ जाता है।
💉 ये टीके हैं सबसे जरूरी
विशेषज्ञों के अनुसार 50 वर्ष से अधिक आयु के लोगों के लिए निम्न टीके बेहद महत्वपूर्ण हैं—
- इन्फ्लूएंजा वैक्सीन
- हेपेटाइटिस ए और बी
- टेटनस
- निमोनिया (न्यूमोकोकल)
- वैरीसेला (चिकनपॉक्स)
- टीडीएपी (डिप्थीरिया, काली खांसी, टेटनस)
⚠️ न्यूमोकोकल और इन्फ्लूएंजा वैक्सीन पर विशेष जोर
विशेषज्ञों का कहना है कि इस आयु वर्ग में सांस संबंधी समस्याएं, छाती में संक्रमण, ठंड लगना और सांस फूलने जैसी समस्याएं अधिक देखी जाती हैं। ऐसे में न्यूमोकोकल और इन्फ्लूएंजा वैक्सीन विशेष रूप से जरूरी हैं।
जिन लोगों को बचपन में चिकनपॉक्स नहीं हुआ है, उनके लिए वैरीसेला वैक्सीन लगवाना अनिवार्य बताया गया है।
📈 3 महीनों में 600 से अधिक लोगों का हुआ टीकाकरण
टीकाकरण केंद्र की नोडल अधिकारी डॉ. स्मिता सिन्हा के अनुसार, 1 जनवरी से 31 मार्च के बीच 600 से अधिक लोगों को एडल्ट वैक्सीनेशन के तहत टीके लगाए जा चुके हैं।
🌍 किन लोगों के लिए अधिक जरूरी
विशेषज्ञों के अनुसार निम्न लोगों के लिए टीकाकरण विशेष रूप से आवश्यक है—
- डायबिटीज के मरीज
- विदेश यात्रा करने वाले
- समुद्री यात्रा करने वाले
- हज यात्री
- कुम्भ मेले में शामिल होने वाले श्रद्धालु
🛡️ समय रहते टीकाकरण से मिलेगा सुरक्षा कवच
विशेषज्ञों का कहना है कि एडल्ट वैक्सीनेशन कार्यक्रम यह सुनिश्चित करता है कि उम्र बढ़ने के साथ कमजोर होती प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत किया जा सके। यह न केवल संक्रमण से बचाव करता है, बल्कि बीमारियों की गंभीरता को भी कम करता है।
ऐसे में 50 वर्ष पार कर चुके लोगों को चाहिए कि वे समय रहते टीकाकरण कराकर अपने स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करें।










